Thursday, 4 October 2018

Birth Anniversary of Former Minister of State for Home Government of India and General Secretary of All India Congress Committee Late Shri Gurudas Kamatji. Remembrance of Congress Workers.

टैली कैसे सीखे दोस्तों शुरुआत में जब आप Tally में काम करने जाते हैं तो ये काफी मुश्किल लगता है. टैली सीखना इतना आसान नहीं है, और मेरी माने तो इतना मुस्किल भी नहीं है. एक तो इसमें माउस का काम नहीं होता बल्कि सारा काम कीबोर्ड से करना होता है. साथ ही इस पर काम करना आसान है लेकिन अगर आप इस के बारे में सिख जाते हैं तो. Tally के बेसिक फंक्शन मेसिख जाने के बाद आप को इस पर काम करने में भी मज़ा आने लगेगा. तो चलिए थोड़ा अकॉउंटिंग के कुछ बेसिक फंक्शन्स के बारे में जान लेते हैं. Capital – जब कोई पैसा व्यापर के लिए लगता है तो उस रकम को capital बोलते हैं. इसके अलावा इसे equity भी बोलते हैं. Transaction – लेन देन करने के प्रोसेस को ही ट्रांज़ैक्शन बोलते हैं. इसमें सर्विसेस और प्रोडक्ट्स का एक्सचेंज किया जाता है. Discount – अपनी प्रोडक्ट और सेवा के इस्तेमाल को बढ़ाने के लिए जब कोई कंपनी मालिक अपने कस्टमर को डिस्काउंट के रूप में कुछ रकम वापस देता है. Discount 2 तरह के होते हैं. Trade Discount – ये डिस्काउंट सेलर अपने कस्टमर को लिस्टेड प्राइस पर प्रेजेंट के रूप में देता है. Cash Discount – ये कस्टमर को सही समय पर बिल करने पर कॅश के रूप में दिया जाता है. Liability – ये वैसे सामान होते हैं जो किसी से कर्ज के रूप में लिए जाते हैं. Assets – बिज़नेस से जुडी जितने भी चीज़ें होती हैं उन्हें Assets बोला जाता है. ये तो बस कुछ बेसिक शब्द हैं जो Tally से जुड़े हैं. आप टैली कोर्स कर के पूरी जानकारी ले सकते हैं. इसके लिए आप अपने नजदीकी computer institute में join करिए, या फिर आप YouTube का मदद भी ले सकते है. Conclusion दोस्तों आपको ये पोस्ट टैली क्या है (What is Tally in Hindi ) कैसी लगी? आपने आज ये भी जाना टैली कैसे सीखे, इसका इतिहास क्या है? साथ ही ये भी जाना की इसके फायदे क्या है. आज के इस बढ़ते हुए कम्पेटेशन में जॉब करने के लिए क्या करे समझ नहीं आता. ये स्टूडेंट्स को करियर बनाकर अच्छी जॉब हासिल करने के लिए बहुत मदद करता है. मुझे पूरी उम्मीद है की आपको ये पोस्ट अच्छी लगी होगी. अगर आपको ये पोस्ट पसंद आयी तो इसे फेसबुक, ट्विटर Google+ में शेयर करे.

Tuesday, 2 October 2018

बड़ी दुःख की खबर है आज कोंग्रेस के खरमठ कार्यकर्ता अब्दुल अजीज शेखका इंतेकाल हो गया है अल्लाह उनकी मकफिरात फरमाये ।। आमीन।।

जब भी कंप्यूटर में अकाउंटिंग के काम के बारे में बात की जाती है तो सबसे पहला नाम जो दिमाग में आता है वो है Tally है. अकॉउंटिंग में बहुत तरह के पेचीदा गणना करना होता है वो कंप्यूटर में बिना सॉफ्टवेयर के नहीं किया जा सकता है. इस तरह के मुश्किल कैलकुलेशन करने के लिए ही Tally काम में लाया जाता है. आपकी जानकारी के लिए बता दूँ की Tally का इस्तेमाल तो भारत में होता है अलावा कई अन्य देशों में भी Tally बहुत प्रचलित है. ये सॉफ्टवेयर बहुत साडी कंपनियों और अकॉउंटिंग से जुड़े लोगो के रोज़मर्रा काम आने वाला सॉफ्टवेयर है. लेकिन Tally की शुरुआत कैसे हुई ये बहुत कम लोगो को ही पता होगा. ये कितने काम का है ये तो अब आप समझ गए होंगे लेकिन इसकी जरुरत कब पड़ी इसी बात को चलिए आगे जानते हैं. टैली का इतिहास (History of Tally in Hindi) Shyam Sunder Goenka दोस्तों जैसा की मैंने पहले ही बता दिया है की Tally का निर्माण भारत के बैंगलोर स्थित कंपनी में कियस गया है. लेकिन Tally Solution कंपनी को पहले Peutronics के नाम से जाना जाता था. क्या आप जानते है टैली के जनक कौन है? सन 1986 में श्याम सुन्दर गोयनका और उनके बेटे भारत गोयनका ने मिलकर बनाया था. उस वक़्त श्याम सुन्दर गोयनका एक कंपनी चलाया करते थे जिससे की दूसरे प्लांट्स और टेक्सटाइल मिल्स को कच्चा माल और मशीन पार्ट्स सप्लाई करते थे. तो इस बिज़नेस को मैनेज करने के लिए उनके पास कोई ऐसा सॉफ्टवेयर नहीं था जिससे वो अपना हिसाब किताब आसानी से कर सके. तब उन्होंने अपने बेटे से कहा की एक ऐसा सॉफ्टवेयर बनाओ जिससे हम अपने बिज़नेस को आसानी से मैनेज कर सके. भारत गोयनका जो की मैथमेटिक्स में ग्रेजुएट थे उन्होंने अकॉऊंटिंग एप्लीकेशन के लिए सबसे पहला संस्करण MS – DOS एप्लीकेशन के रूप में लांच किया. इस में सिर्फ बेसिक अकॉउंटिंग फंक्शन थे. जिसका नाम Peutronics financial Accountant रखा गया. 1988 में इस प्रोडक्ट का नाम बदलकर पहली बार Tally रखा गया. 1999 में इस कंपनी ने formally कंपनी का नाम बदलकर Tally Solutions रखा. 2001 के साल में Tally के नए संस्करण यानि Tally 6.3 को लांच किया गया. ये संस्करण से थोड़ा एडवांस था क्यों की इस में Accounting के अलावा Educational उद्देश्य से उपयोग करने की योग्यता थी. इसके साथ इस में License की सुविधा भी दी गई. सन 2005 में Tally को और भी अच्छा डिज़ाइन के साथ बाजार में उतारा गया जिसमे सबसे मुख्या फीचर था Value Added Taxation (VAT). जो की भारतीय कस्टमर्स के लिए बहुत उपयोगी था. ये Tally 7.2 version था. 2006 में Tally के 2 version को release किया गया जिनमे से एक Tally 8.1 था और दूसरा Tally 9. ये Tally के maultilingual version थे. 2009 में इस कंपनी ने Tally ERP 9 एक Business management solution रिलीज़ किया. 2016 में GST Server और Tax Payers के बिच में interface के रूप में GST सुविधा प्रदान करने के लिए Tally Solutions को चुना गया और 2017 में कंपनी ने बिलकुल अपडेटेड GST Compliance Software लांच किया.

जब भी कंप्यूटर में अकाउंटिंग के काम के बारे में बात की जाती है तो सबसे पहला नाम जो दिमाग में आता है वो है Tally है. अकॉउंटिंग में बहुत तरह के पेचीदा गणना करना होता है वो कंप्यूटर में बिना सॉफ्टवेयर के नहीं किया जा सकता है. इस तरह के मुश्किल कैलकुलेशन करने के लिए ही Tally काम में लाया जाता है. आपकी जानकारी के लिए बता दूँ की Tally का इस्तेमाल तो भारत में होता है अलावा कई अन्य देशों में भी Tally बहुत प्रचलित है. ये सॉफ्टवेयर बहुत साडी कंपनियों और अकॉउंटिंग से जुड़े लोगो के रोज़मर्रा काम आने वाला सॉफ्टवेयर है. लेकिन Tally की शुरुआत कैसे हुई ये बहुत कम लोगो को ही पता होगा. ये कितने काम का है ये तो अब आप समझ गए होंगे लेकिन इसकी जरुरत कब पड़ी इसी बात को चलिए आगे जानते हैं. टैली का इतिहास (History of Tally in Hindi) Shyam Sunder Goenka दोस्तों जैसा की मैंने पहले ही बता दिया है की Tally का निर्माण भारत के बैंगलोर स्थित कंपनी में कियस गया है. लेकिन Tally Solution कंपनी को पहले Peutronics के नाम से जाना जाता था. क्या आप जानते है टैली के जनक कौन है? सन 1986 में श्याम सुन्दर गोयनका और उनके बेटे भारत गोयनका ने मिलकर बनाया था. उस वक़्त श्याम सुन्दर गोयनका एक कंपनी चलाया करते थे जिससे की दूसरे प्लांट्स और टेक्सटाइल मिल्स को कच्चा माल और मशीन पार्ट्स सप्लाई करते थे. तो इस बिज़नेस को मैनेज करने के लिए उनके पास कोई ऐसा सॉफ्टवेयर नहीं था जिससे वो अपना हिसाब किताब आसानी से कर सके. तब उन्होंने अपने बेटे से कहा की एक ऐसा सॉफ्टवेयर बनाओ जिससे हम अपने बिज़नेस को आसानी से मैनेज कर सके. भारत गोयनका जो की मैथमेटिक्स में ग्रेजुएट थे उन्होंने अकॉऊंटिंग एप्लीकेशन के लिए सबसे पहला संस्करण MS – DOS एप्लीकेशन के रूप में लांच किया. इस में सिर्फ बेसिक अकॉउंटिंग फंक्शन थे. जिसका नाम Peutronics financial Accountant रखा गया. 1988 में इस प्रोडक्ट का नाम बदलकर पहली बार Tally रखा गया. 1999 में इस कंपनी ने formally कंपनी का नाम बदलकर Tally Solutions रखा. 2001 के साल में Tally के नए संस्करण यानि Tally 6.3 को लांच किया गया. ये संस्करण से थोड़ा एडवांस था क्यों की इस में Accounting के अलावा Educational उद्देश्य से उपयोग करने की योग्यता थी. इसके साथ इस में License की सुविधा भी दी गई. सन 2005 में Tally को और भी अच्छा डिज़ाइन के साथ बाजार में उतारा गया जिसमे सबसे मुख्या फीचर था Value Added Taxation (VAT). जो की भारतीय कस्टमर्स के लिए बहुत उपयोगी था. ये Tally 7.2 version था. 2006 में Tally के 2 version को release किया गया जिनमे से एक Tally 8.1 था और दूसरा Tally 9. ये Tally के maultilingual version थे. 2009 में इस कंपनी ने Tally ERP 9 एक Business management solution रिलीज़ किया. 2016 में GST Server और Tax Payers के बिच में interface के रूप में GST सुविधा प्रदान करने के लिए Tally Solutions को चुना गया और 2017 में कंपनी ने बिलकुल अपडेटेड GST Compliance Software लांच किया.

टैली क्या है (What is Tally in Hindi)? अगर आप किसी कंप्यूटर इंस्टिट्यूट में गए होंगे तो टैली कंप्यूटर कोर्स का नाम जरूर सुना होगा. इसके बारे में अक्सर लोग ये सवाल पूछते हैं की Tally करने के फायदे क्या हैं? अगर आपको इन सवालों के जवाब नहीं मालूम तो कोई बात नहीं. क्यों की आज की पोस्ट मैंने Tally की जानकारी हिंदी में देने के लिए ही लिखा है. इसके साथ ही मैं आपको Tally का इतिहास भी बताऊंगा. आखिर टैली एकाउंटिंग का इस्तेमाल होना कब शुरू हुआ और इससे हम क्या क्या काम कर सकते हैं. ये सारी बातें हम आज यहाँ पुरे विस्तार से जानेंगे. दोस्तों जैसा की हम जानते हैं की आज का ज़माना कंप्यूटर का है और हर काम के लिए इंसान कंप्यूटर की मदद लेते हैं. चाहे अंतरिक्ष जाना हो या एक बैंक, सरकारी कार्यालय हो या फिर एक फोटो प्रिंट कर के निकालना हर जगह कंप्यूटर का इस्तेमाल होता है. इसी कड़ी में बहुत सारी कंपनियों में अकाउंट से जुड़े कामों के लिए अलग अलग सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करते हैं. एकाउंटिंग के लिए Tally प्रयोग होने वाला काफी पॉपुलर एप्लीकेशन है. Tally किसे कहते हैं और इसे कैसे चलाते हैं आज हम इस पोस्ट के माध्यम से जानेंगे? तो चलिए अब जानते हैं की आखिर Tally क्या होती है. टैली क्या है (What is Tally in Hindi) Tally Kay Hai Hindi Tally Definition in English: A Tally is a continuous count of any number, just like the number of words inside a document and it is designed to automate and integrate all the business operations, such as finance, purchasing, manufacturing, inventory, and sales. Tally definition in Hindi: Tally का अर्थ पैसे की गणना करना साथ ही उसका व्यस्थापन और संरक्षित करना हैं. इसके अलावा वस्तु कहाँ से खरीदी गयी कितने में खरीदी गई इन सभी कामो का रिकॉर्ड Tally में रखा जाता है. आखिर टैली का full form क्या है? ये है Transactions Allowed in a Linear Line Yards. Tally भारत में प्रयोग होने वाला सबसे पॉपुलर अकॉउंटिंग सॉफ्टवेयर है. Tally Solutions Pvt. Ltd. एक मल्टीनेशनल कंपनी है जिसने Tally का निर्माण किया है. इसका Headquarter भारत के बैंगलोर शहर में स्थित है. कंपनी के रपोर्ट के मुताबिक tally सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल 10 लाख से ज्यादा लोग करते हैं. एक ज़माना हुआ करता था जब लोग अपने बिज़नेस में होने वाले सभी वित्तीय लेन देंन को हाथ से लिख कर डॉक्यूमेंट और दस्तावेज में रखा करते थे. लेकिन अब वो वक़्त बीत चूका है. आज के समय में सभी प्रकार के व्यवसायों में कंप्यूटर का इस्तेमाल किया जाता है और अकाउंट से जुड़े बहुत सारे सॉफ्टवेयर में Tally सबसे अधिक प्रयोग किया जाता है.

Mr.Iqbal Dhoriwala convener of The World Bharuchi Vohra Patel Federation from United Kingdom today visited M I Patel Office at Goregaon Mumbai and discussed about welfare projects of Vohra Patel community spread all over the world.